Thursday, August 24, 2023

सकारात्मक तरंगों के घेरे - मंजुल भारद्वाज

 सकारात्मक तरंगों के घेरे

- मंजुल भारद्वाज



विेखंडित दिशाहीन तरंगों को

सकारात्मक घेरों में प्रवाहित कर

प्रतिध्वनि को गुंजायमान किया

प्रतिध्वनि के नाद से

अहसास का स्पंदन सम्प्रेषित हुआ 

मैं कौन,कहाँ,कब हूँ

कहाँ होऊंगा का चित्र

मस्तिष्क में विचरण होने लगा

जाग्रत होती चैतन्य अवस्था ने

हूंकार भरी 

हम हैं!

#सकारात्मक #तरंग #मंजुलभारद्वाज


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